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दिनांक: 1 सितंबर 2026
राजस्थान में निकाय चुनाव की प्रक्रिया तेज, नामांकन पत्रों की संवीक्षा शुरू
जयपुर। राजस्थान में नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 की प्रक्रिया निर्णायक चरण में पहुंच गई है। नामांकन दाखिल करने की अवधि पूरी होने के बाद मंगलवार, 1 सितंबर को नामांकन पत्रों की संवीक्षा की गई। राज्य निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार अभ्यर्थी 3 सितंबर को दोपहर 3 बजे तक अपना नाम वापस ले सकेंगे। इसके बाद 4 सितंबर को चुनाव चिह्न आवंटित किए जाएंगे।
नगर परिषदों और नगरपालिकाओं के लिए पहले चरण का मतदान 9 सितंबर को होगा। जयपुर, जोधपुर और कोटा सहित छह नगर निगमों के लिए दूसरे चरण में 11 सितंबर को वोट डाले जाएंगे। मतदान का समय सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक निर्धारित है। मतगणना 14 सितंबर को कराई जाएगी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार पहले चरण में 39 जिलों के 5,550 वार्ड और दूसरे चरण में छह नगर निगमों के 4,695 वार्ड चुनाव प्रक्रिया में शामिल हैं। दोनों चरणों में कुल मिलाकर लगभग 1.44 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे। नाम वापसी के बाद ही प्रत्येक वार्ड में उम्मीदवारों की अंतिम स्थिति स्पष्ट होगी।
निकाय चुनाव वाले क्षेत्रों में सार्वजनिक अवकाश और शुष्क दिवस के आदेश
जयपुर। राजस्थान सरकार ने सितंबर में होने वाले नगरीय निकाय चुनावों को देखते हुए संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों के लिए सार्वजनिक अवकाश और शुष्क दिवस संबंधी आदेश जारी किए हैं। राज्य के वित्त विभाग ने 9 और 11 सितंबर को संबंधित क्षेत्रों में परक्राम्य लिखत अधिनियम के अंतर्गत अवकाश घोषित करने के आदेश प्रकाशित किए हैं। इसका प्रभाव संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों के बैंकों और अधिसूचना में शामिल संस्थानों पर रहेगा।
चुनाव के दौरान शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए शुष्क दिवस संबंधी आदेश भी जारी किया गया है। इसकी अवधि और लागू क्षेत्र संबंधित निकाय के मतदान कार्यक्रम के अनुसार निर्धारित होंगे। इस दौरान शराब की बिक्री और वितरण पर नियमानुसार प्रतिबंध रहेगा।
सामान्य प्रशासन विभाग ने नगरीय निकाय चुनाव के संबंध में आदर्श आचार संहिता का आदेश भी जारी किया है। चुनाव वाले क्षेत्रों में सरकारी घोषणाओं, सार्वजनिक संसाधनों के राजनीतिक उपयोग और चुनाव प्रचार से संबंधित गतिविधियों पर निर्वाचन नियम लागू रहेंगे। मतदाताओं और कारोबारियों को अपने क्षेत्र पर लागू आदेश की जानकारी संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारी अथवा स्थानीय प्रशासन से प्राप्त करनी चाहिए।
अगस्त में कमजोर रहा मानसून, सितंबर में बारिश लौटने की उम्मीद
जयपुर। राजस्थान में अगस्त के दौरान मानसून की सक्रियता कमजोर रहने से खरीफ की फसलों और जलाशयों को लेकर चिंता बढ़ी है। मौसम संबंधी रिपोर्टों के अनुसार प्रदेश में मानसूनी वर्षा सामान्य से लगभग 18 प्रतिशत कम बनी हुई है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार पूरी तरह भरे बांधों की संख्या भी काफी कम बताई गई है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमानों के अनुसार 2 और 3 सितंबर से राजस्थान के कुछ भागों में वर्षा की गतिविधियां दोबारा बढ़ने की संभावना है। प्रारंभिक प्रभाव पूर्वी राजस्थान में अधिक रह सकता है, जिसके बाद अन्य हिस्सों में भी बादल और बारिश की गतिविधियां दिखाई दे सकती हैं। हालांकि वर्षा का वास्तविक विस्तार विकसित हो रहे मौसम तंत्र पर निर्भर रहेगा।
पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर, जालोर, पाली, सिरोही, बाड़मेर, बालोतरा, जैसलमेर और नागौर जिलों में किसान बारिश का इंतजार कर रहे हैं। बाजरा, मूंग, ग्वार और अन्य खरीफ फसलों के लिए समय पर वर्षा महत्वपूर्ण मानी जा रही है। किसानों को जिला-विशेष पूर्वानुमान और चेतावनी के लिए मौसम केंद्र जयपुर के दैनिक बुलेटिन पर ध्यान रखने की सलाह दी गई है।
जयपुर में बिजली गुल होने से AIIMS भर्ती परीक्षा रद्द, 7 सितंबर को दोबारा परीक्षा
जयपुर। राजधानी के सीतापुरा स्थित दो ऑनलाइन परीक्षा केंद्रों पर बिजली आपूर्ति बाधित होने से अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान की कॉमन रिक्रूटमेंट एग्जामिनेशन-5 प्रभावित हुई। AIIMS ने दोनों केंद्रों की संबंधित पारी रद्द कर अब प्रभावित अभ्यर्थियों के लिए 7 सितंबर 2026 को दोबारा परीक्षा कराने का निर्णय लिया है।
प्रभावित केंद्र TCS द्वारा संचालित आईओएन डिजिटल जोन के RJ0101 और RJ0102 केंद्र हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार इन केंद्रों पर करीब दो हजार अभ्यर्थी पंजीकृत थे। परीक्षा शुरू होने के बाद बिजली और तकनीकी व्यवस्था में समस्या आने से अभ्यर्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
AIIMS ने कहा है कि प्रभावित पारी के सभी पात्र अभ्यर्थियों को दोबारा परीक्षा देने का अवसर मिलेगा और संशोधित प्रवेश पत्र परीक्षा पोर्टल के माध्यम से जारी किए जाएंगे। इससे पहले इसी परिसर में आयोजित दूसरी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा भी बिजली और तकनीकी समस्या के कारण प्रभावित हुई थी। लगातार सामने आई घटनाओं ने ऑनलाइन परीक्षा केंद्रों की बिजली, सर्वर और वैकल्पिक बैकअप व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
आठवें वेतन आयोग ने जयपुर में कर्मचारी संगठनों और अधिकारियों से किया संवाद
जयपुर। आठवें केंद्रीय वेतन आयोग के प्रतिनिधिमंडल ने जयपुर में केंद्रीय कर्मचारियों, कर्मचारी संगठनों, प्रशासनिक अधिकारियों और राज्य सरकार के प्रतिनिधियों से विभिन्न सेवा संबंधी मुद्दों पर संवाद किया। राजस्थान सरकार के वित्त विभाग ने आयोग के प्रतिनिधिमंडल की यात्रा के लिए संपर्क और प्रोटोकॉल अधिकारियों की ड्यूटी से संबंधित आदेश भी जारी किया था।
बैठकों में वेतन संरचना, विभिन्न पदों के बीच वेतन विसंगति, पेंशन, भत्ते, पदोन्नति और दुर्गम क्षेत्रों में नियुक्त कर्मचारियों की परिस्थितियों से जुड़े विषय रखे गए। अतिरिक्त जिम्मेदारी संभालने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए अलग भत्ते की आवश्यकता पर भी चर्चा होने की सूचना है।
राज्य सरकार की ओर से वरिष्ठ अधिकारी अभय कुमार तथा भारतीय प्रशासनिक सेवा एसोसिएशन की ओर से प्रतिनिधियों ने आयोग के सामने प्रस्तुतियां दीं। अलग-अलग संगठनों ने अपने संवर्ग से जुड़ी व्यावहारिक समस्याएं और सुझाव आयोग को सौंपे। यह संवाद आयोग की परामर्श प्रक्रिया का हिस्सा है। अंतिम वेतन वृद्धि, फिटमेंट व्यवस्था अथवा लागू होने की तारीख आयोग की सिफारिश और केंद्र सरकार के निर्णय के बाद ही निश्चित होगी।
राजस्थान में दो रिश्वत मामलों में ACB की कार्रवाई, अधिकारी और आरक्षक पकड़े गए
जयपुर/उदयपुर। राजस्थान भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने दो अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए एक कनिष्ठ अभियंता और रेलवे सुरक्षा बल के एक आरक्षक को रिश्वत लेते पकड़े जाने की जानकारी दी है।
उदयपुर के देबारी क्षेत्र में अजमेर विद्युत वितरण निगम से जुड़े कनिष्ठ अभियंता सागर मीणा को परिवादी से कथित रूप से 10 हजार रुपये की शेष रिश्वत लेते पकड़ा गया। शिकायत में कुल 20 हजार रुपये की मांग किए जाने का आरोप बताया गया है। ट्रैप कार्रवाई के बाद आरोपी के उदयपुर और बांसवाड़ा स्थित परिसरों की तलाशी लिए जाने की सूचना है।
दूसरी कार्रवाई सवाई माधोपुर क्षेत्र में की गई, जहां रेलवे सुरक्षा बल के एक आरक्षक को कथित रूप से 70 हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा गया। शिकायत में एक लाख रुपये की मांग का आरोप था। दोनों मामलों में आरोपियों के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगी।
राजस्थान में कच्चे तेल का उत्पादन 80 हजार बैरल प्रतिदिन तक पहुंचाने की तैयारी
जयपुर/बाड़मेर। राजस्थान सरकार ने प्रदेश में कच्चे तेल का उत्पादन बढ़ाकर लगभग 80 हजार बैरल प्रतिदिन तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। वर्तमान में राज्य में करीब 51 से 52 हजार बैरल प्रतिदिन कच्चे तेल का उत्पादन होने की जानकारी दी गई है। उत्पादन बढ़ाने के लिए तेल क्षेत्रों में आधुनिक तकनीक का चरणबद्ध उपयोग किए जाने की योजना है।
बाड़मेर-सांचौर और जैसलमेर बेसिन में एएसपी तकनीक अपनाने की तैयारी है। इस तकनीक में तेल भंडार से अतिरिक्त उत्पादन प्राप्त करने के लिए रासायनिक प्रक्रिया का उपयोग किया जाता है। बीकानेर-नागौर बेसिन में सीएसएस तकनीक के माध्यम से उत्पादन बढ़ाने की योजना बताई गई है।
राज्य में उत्पादित कच्चे तेल का अधिकाधिक परिशोधन पचपदरा स्थित राजस्थान रिफाइनरी में सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया जा रहा है। उत्पादन बढ़ने से राजस्थान के राजस्व, स्थानीय रोजगार, परिवहन और सहायक उद्योगों को लाभ मिल सकता है। यह योजना विशेष रूप से बाड़मेर, बालोतरा, सांचौर और जैसलमेर क्षेत्र की ऊर्जा आधारित अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
जोधपुर नगर निगम के सभी 100 वार्डों में चुनावी मुकाबला तेज
जोधपुर। जोधपुर नगर निगम चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस ने नगर निगम के सभी 100 वार्डों के लिए अपने उम्मीदवार घोषित कर दिए हैं। नामांकन दाखिल करने की अवधि समाप्त होने के बाद 1 सितंबर को नामांकन पत्रों की संवीक्षा की गई।
राज्य निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार उम्मीदवार 3 सितंबर को दोपहर 3 बजे तक नाम वापस ले सकेंगे। इसके बाद 4 सितंबर को चुनाव चिह्न आवंटित होंगे। जोधपुर नगर निगम के लिए मतदान 11 सितंबर को सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक कराया जाएगा तथा मतगणना 14 सितंबर को होगी।
दोनों प्रमुख दलों की ओर से सभी वार्डों में उम्मीदवार उतारे जाने से अधिकांश क्षेत्रों में सीधा राजनीतिक मुकाबला दिखाई दे रहा है। निर्दलीय और अन्य दलों के प्रत्याशी भी कई वार्डों में चुनावी समीकरण प्रभावित कर सकते हैं। शहर में सड़क, सफाई, सीवरेज, जलापूर्ति, यातायात, अतिक्रमण और वार्ड स्तर के विकास कार्य प्रमुख चुनावी मुद्दे बने हुए हैं। नाम वापसी के बाद वार्डवार अंतिम मुकाबले की तस्वीर स्पष्ट होगी।
